Posts

Showing posts from January, 2011

BIHAR BROADCASTING CORPORATION: निगरानी विभाग ने भी कुछ नहीं किया भारस्ताचारियों क...

BIHAR BROADCASTING CORPORATION: निगरानी विभाग ने भी कुछ नहीं किया भारस्ताचारियों क... : "पुरबी चंपारण(बिहार) जिला के कल्यानपुर ब्लाक के अंतर्गत आने वाला मनिचाप्रा पंचायत में सर्कार के द्वारा चलाई जा रही योजनाओ में होरही धांधली की..."

आर.टी आई को नाकारा करना चाहते हैं बिहार के अधकारी.

case no 10908/2008/09 . uprokt case ke bare mein jaane k baad pata chal jayga ki bihar mein lok suchna padadhikaari se lekar aayog mein baithe huye information commissioner ki imandari ka piri tarah khulasa ho jayega. parapatra k tehat aawedan dinank24.05.2008 pio cum dm purbi champaran ko bheja geya . DM ne suchna dene hetu BDO kalyanpur purbi chmaparan ko diya jiski suchna patrank 11.06.2008 k jariye kiya samay paas kar gai par suchna nahi aai ,niyamta 1st appeal SDO bara chakia purbi champaran ke paas ki gai,,sdo ne patrank 1170 dated 29.7.2008 ke madhyam se suchna mamle ko kharij karne se sambandhit suchna beheja. Anta dusri appeal bihar suchna aayog ke paas ki gai, aur lok sudchna padadhikari ne aadhi adhuri suchna mujhe bhejdi,waisi suchna pi one bheji sisme usey laga ki suchna dene k baad mujhe fansne ka dar nahi hai, Aayog ne apene wawara notice mein pio ko kaha ki suchna awedak ko muft dein keyonki aawedak ka aaweda

क्या बिहार में सुशासन है ?

कहा जाता है के पिछले ५ सालों में बिहार की कानून वेवस्था बहुत चुस्त और दुरुस्त रही है, मगर १ आर .टी आई आवेदन से जो खुलासा हुआ है वह चौकाने वाली है की sahi tashwir १.01.2005 से १.01 2009 yaani sirf 4 सालों में वह bhi sirf १ jila में MDM yaani madhyahan भोजन की कुल ६० चोरी की घटना घटित हुई,अब आप समझ सकते हिं के सिर्फ एक तरह की चोरी केवल ४ सालों में सिर्फ एक जिला में ६० है dakaiti ,अपहरण बालात्कार,रंगदारी , जैसे और भी parakaar की घटनाओं को मिलकर कितनी घटायें हुई होंगी, अंदाजा lagaya jasakta है. Longon ko ab lagne laga hai ke bihar mein hone waali ghatnaaon media ne aawaam ke smne pesh sarad nahi hi, bharashtachat ke barey mein to kahne ki jarurat to kisi ko nahi ,wah to jagjahir hai. RTI ke aawedan se is baat ka bhi khulasa huaa ke ,mdm ke 60 chori ki ghatnaon me sirf 2maamle mein aarop patra dayar karne mein police ko kamyabi mili .jo bihar ki qabil mani jane wali police ko kaghere mein lakhara karney ke liye kaafi hai. Md;kaushar nadeem Writer activist Azimabad colony patna 6

सुचना अधिकार का कमाल भारस्ताचार पे लगाया लगाम.

रति के द्वारा सिक्चक नियोजन २००८ में हो रही गर्बरी पर लगा लगाम. बिहार में चल रहे सिक्चक भारती घोटाला पर लगाम लगाने में एक रति अप्प्लिकतिओन ने बार हे काम किया है, जब आवेदक मद कुसहर नदीम ने रति आव्न्दन दिनक २०.१२.२००८ भेजकर कर विभाग के प्रिंसिपल सेक्रेटरी पुचा का एक तरफ विभाग ने १४.अगस्त २०१० के बाद होने वाली बहाली को अवैध घोसित करचुकी है,वहीँ दूसरी तरफ अख़बारों में इसतरह की लगातार खबरें आराही है ,जिससे पता चलरह है के मुखिया गी लोग लगातार बेक डोर से बहाली कर रहे हें आखिर विभाग इस्स्गार्बरी को पक्रेगी कैसे, और ये भी पुचा गया के विभाग हे बताये की इस्परकर की हुई गर्बरीको वह पक्रेगी कैसे, और इस्तातः के ८ परस्नो को जनाब नदीम ने सिक्चा विभाग से पुच डाला , बताया जाता है के नियोजन के बस कुछ दिनों पहले विभाग ने आनन् फानन में आदेश निकला के ,सिर्फ उन्ही लोगों की बहाली होगी गिनके सर्तिफिकाते की जाँच सम्बंधित उनिवेर्सित्य,बोर्ड ,कोल्लेगेस से विभाग ने कराये हैं, बताया जरह है के ७०००० हजार सीट्स के खेलाफ़ सिर्फ ३५००० हजार हे बहाली होने ये रति आवेदन बहुत बार कारन बनकर

एक अधिकारी के कारण बढ़ रही सैनकरों गरीबों की परेशानी

सुशासन बाबू के एक अधिकारी की कहानी आर टी आई की जुबानी जब पुरबी चंपारण के जिला के कल्यानपुर पर्खंड के बी डी ओ को उनके प्रखंड से जुरे छेत्रो में चल रहे विकास कार्यों के परताल और shikchak भर्ती सहित अनेक कार्यो का जाएजा लेने हेतु आर टी आई का सहारा लिया गया तो कई चौकाने वाले तथ्यों को छुपाने की खातिर सम्बंधित पदाधिकारी यानी बी डी ओ ने कई भ्रामक बाते लिखकर कर भेज डाले, आशंका ये जताई जारही है के बारे घोटालों को दबाने केलिए ऐसा कारनामा किया ,८० पेज के बदले १ पेज लिखकर भेजा गयाऔर आयोग को ये बताया के साडी सुचना भेजदिया गया है ,आखिर जब घोटाला नहीं हुआ तो फिर इतना पैंतरा देने की जरुरत क्यों पर्रही .