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Prashant Bhushan मामले पर सुप्रीम कोर्ट में सजा मामले पर क्या क्या हुआ ?

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प्रशांत भूषण ने सुप्रीम कोर्ट से माफ़ी माँगने से किया इनकार

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इस पोस्ट को शेयर करें Facebook   इस पोस्ट को शेयर करें WhatsApp   इस पोस्ट को शेयर करें Messenger   इस पोस्ट को शेयर करें Twitter   साझा कीजिए इमेज कॉपीरइट GETTY IMAGES वरिष्ठ अधिवक्ता प्रशांत भूषण ने अवमानना मामले में सुप्रीम कोर्ट से बिना शर्त माफ़ी मांगने से इनकर कर दिया है. उन्होंने कहा है कि 'उनके बयान सद्भावनापूर्ण थे और अगर वे माफ़ी मांगेंगे तो यह उनकी अंतरात्मा और उस संस्थान की अवमानना होगी जिसमें वो सबसे ज़्यादा विश्वास रखते हैं.' सोमवार को प्रशांत भूषण ने सुप्रीम कोर्ट में अपना जवाब दाखिल किया जिसमें उन्होंने लिखा कि 'आज के परेशानी भरे दौर में, भारत के लोगों को अगर किसी से उम्मीद बंधती है तो वो सर्वोच्च न्यायालय है ताकि देश में क़ानून व्यवस्था और संविधान को स्थापित रखा जा सके, नाकि किसी निरंकुश व्यवस्था को.' अपने जवाब में उन्होंने लिखा, "यही वजह है कि जब चीज़ें भटकती हुई दिखें, तो हम बोलें. इस अदालत से मिला ज़िम्मेदारी का एहसास ही हमें यह विशेष कर्तव्य देता है." विज्ञापन उन्होंने लिखा, "मेरे बयान सद्भावनापूर्ण थ

रंजन गोगोईः भारतीय राजनीति के अयोध्या कांड का 'द एंड' लिखने वाले चीफ़ जस्टिस

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t सूची खोजें News हिंदी BBC News हिंदी Navigation सेक्शन विभुराज बीबीसी संवाददाता 16 नवंबर 2019 इस पोस्ट को शेयर करें Facebook   इस पोस्ट को शेयर करें WhatsApp   इस पोस्ट को शेयर करें Messenger   साझा कीजिए इमेज कॉपीरइट VIPIN KUMAR/HINDUSTAN TIMES VIA GETTY IMAGES तारीख 12 जनवरी, 2018. एक चिट्ठी और एक प्रेस कॉन्फ़्रेंस ने उस रोज़ देश की राजनीति से लेकर न्यायपालिका तक में भूचाल ला दिया था. भारत के इतिहास में पहली बार सुप्रीम कोर्ट के चार जज, प्रेस से मुख़ातिब थे. तत्कालीन चीफ़ जस्टिस  दीपक मिश्र ा को 'बड़ी नाराज़गी और चिंता के साथ' लिखी गई इस चिट्ठी पर दस्तखत करने और इस बारे में प्रेस कॉन्फ़्रेंस बुलाने वाले सुप्रीम कोर्ट के चार न्यायमूर्तियों में से एक जस्टिस रंजन गोगोई भी थे. ये वो दौर था जब  सुप्रीम कोर्ट  अनचाही वजहों से सुर्खियों में था और ये संभावना भी जाहिर की जा रही थी कि केंद्र सरकार जस्टिस दीपक मिश्रा के उत्तराधिकारी के तौर पर वरिष्ठता की परंपरा को नज़रअंदाज़ करते हुए गोगोई की जगह कोई और नाम स